इमरजेंसी पर रिपोर्टिंग कर रहे दो भारतीय पत्रकार गिरफ्तारवरिष्ठ पत्रकार पद्मश्री मुजफ्फर हुसैन का मुंबई में निधनपत्रकार ज्योतिर्मय डे हत्या मामले में राजन ने कहा, मुझे फंसाया गयावरिष्ठ पत्रकार वेदप्रकाश शर्मा का निधनइन चार पत्रकारों ने कहा, कम कर दो सेलरीपत्रकार हत्याकांड : सुप्रीम कोर्ट ने रिपोर्ट दायर करने के लिए सीबीआई को दिया दो हफ्ते का वक्तवरिष्ठ पत्रकार शेखर त्रिपाठी का निधनIFWJ expresses shock over NDTV’s move of retrenching employeesZee Media launches a new channel680 FM चैनलों की नीलामी को मंजूरीवरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार को.रामनाथ गोयनका पुरस्कारछत्तीसगढ़ ने गिरफ्तार किए सबसे ज्यादा पत्रकारपत्रकार राजेश श्योराण की हत्या की जांच एसआईटी कोपत्रकार की पिटाई के मामले में कोतवाल निलम्बितवसूली के आरोप में कथित पत्रकार गिरफ्तारपंजाब में वरिष्ठ पत्रकार और उनकी मां की हत्यासड़क हादसे में टीवी चैनल के संवाददाता और कैमरामैन की मौतएनडीटीवी ने की आधिकारिक घोषणा, 'चैनल बिकने की खबर कोरी अफवाह'एशियानेट टीवी के कार्यालय पर हमला, संपादक और रिपोर्टर बाल-बाल बचेखबर लिखने के कारण हुई थी पत्रकार राजदेव रंजन की हत्या : सीबीआई पत्रकार शांतनु भौमिक की हत्या, पीछे से हमला किया, अगवा किया, चाकू से मार डालाएनडीटीवी के मालिक होंगे स्‍पाइजेट के अजय सिंहआईनेक्स्ट को मनीष कुमार ने कहा अलविदापत्रकार गौरी लंकेश की गोली मारकर हत्यासमाचार TODAY को चाहिए स्क्रिप्ट राइटर/कॉपी एडिटरदबंग दुनिया जबलपुर में मची भागमभाग और अफरा तफरीअब फिल्मिनिज्म डॉट कॉम पर पढिये फिल्मी दुनिया की ताजातरीन खबरें और गॉसिप्स मैक्सिको में एक और पत्रकार की हिंसाग्रस्त राज्य वेराक्रूज में गोली मारकर हत्या ‘लॉस एंजिलिस टाइम्स’ से कईयों की छुट्टी फर्जी पत्रकार बन करता था ठगी, धरा गया पत्रकार के निधन पर शोक सभापत्रकार पंकज खन्ना आत्महत्या मामला- गुज्जर के बाद सह आरोपियों की सजा भी सस्पैंडपत्रकार शोभा डे ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी का मजाक उड़ायाअडानी समूह की कंपनी ने की 1500 करोड़ की हेराफेरी और टैक्‍स चोरीपत्रकार राजदेव रंजन हत्याकांड में सीबीआइ के आवेदन को कोर्ट ने किया खारिजवरिष्ठ पत्रकार गोपाल असावा का ह्दयाघात से निधनमजीठिया वेजबोर्ड का फैसला आपके हक में19 जून को आएगा मजीठिया वेजबोर्ड का फैसलालुधियाना प्रैस क्लब के चुनाव 25 जून कोभास्कर दिल्ली में अगस्त तक, यूपी में भी इंट्रीन्यूज चैनल की महिला रिपोर्टर ने लगाया शादी करने का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने का आरोप विभूति रस्तोगी को ढूंढ रही है पुलिस, बलात्कार का है आरोपदैनिक जागरण के वरिष्ठ समाचार संपादक राजू मिश्र को रेड इंक अवॉर्डपुणे में टीवी पत्रकार से बदसलूकीशशि थरूर मानहानि मामले में अर्नब गोस्वामी को हाईकोर्ट का नोटिसछत्तीसगढ़ को 17 साल बाद मिला अपना दूरदर्शन चैनलदैैनिक जागरण के मीडियाकर्मी पंकज कुमार के ट्रांसफर मामले को सुप्रीमकोर्ट ने अवमानना मामले से अटमुंबई में नवभारत के 40 मीडियाकर्मियो ने बनायी यूनियनदबंग के खिलाफ कई पूर्व संपादक भी केस करने को तैयार ध्येयनिष्ठ पत्रकारिता से टारगेटेड जर्नलिज्म

हंस की तीसवीं वर्षगांठ हो गई पांचजन्य के पूर्व संपादक तरूण विजय के नाम

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पत्रकार मिलन के एक कार्यक्रम में मनोज रघुवंशी ने सर संघचालक के संबंध में एक टिप्पणी कर दी और यह बात वहां मौजूद कुछ प्रचारकों को
हंस की तीसवीं वर्षगांठ हो गई पांचजन्य के पूर्व संपादक तरूण विजय के नाम राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पत्रकार मिलन के एक कार्यक्रम में मनोज रघुवंशी ने सर संघचालक के संबंध में एक टिप्पणी कर दी और यह बात वहां मौजूद कुछ प्रचारकों को पसंद नहीं आई, और उन्होंने मनोज रघुवंशी को अपनी बात पूरी नहीं करने दी। इस घटना की जानकारी जब एक मित्र से मिली तो आरएसएस को लेकर मेरी राय यही बनी कि यहां अपनी बात कहने की आजादी नहीं है। उन दिनों मैं सोचता था कि वामपंथ में इसकी गुंजाइश है। वे उदार लोग हैं और यदि आप उनकी आलोचना भी करो तो वे सुनते हैं। लेकिन बाद के कई अनुभव ऐसे सामने आए जिससे यह स्पष्ट हुआ कि मैं गलत था।


आज की कथित प्रगतिशीलता वास्तव में वैचारिक खाप पंचायत है। जहां यदि आप ऐसी कोई बात करें जो उनके एजेन्डे के खिलाफ जाती हो तो फौरन वे आपको घर निकाला दे देंगे। इस वैचारिक असहिष्णुता का एक उदाहरण जुलाई 31 की शाम एवाने गालिब के सभागार में ‘राजनीति की सांस्कृतिक चेतना’ विषय पर हुई संगोष्ठी में नजर आया। जब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक और राज्य सभा सदस्य तरूण विजय पर हर तरफ से शाब्दिक हमले हो रहे थे लेकिन उन्हें अपनी बात रखने का अवसर नहीं दिया जा रहा था। जबकि आयोजकों को इस बात का विशेष तौर ख्याल रखना चाहिए था कि पूरे आयोजन में मंच पर अपनी विचारधारा के वे अकेले प्रतिनिधि थे। इस तरह वे सभागार में वैचारिक अल्पसंख्यक हुए। ऐसे में अल्पसंख्यकों के हक में बड़ी बड़ी तकरीर करने वाले विद्वानों को अपनी बात कहने का उन्हें अवसर उपलब्ध कराना ही चाहिए था।



दो साल पहले तक हर साल 31 जुलाई की तारिख दिल्ली में साहित्य प्रेमियों के लिए एक विशेष तारिख हुआ करती थी क्योंकि इस दिन ऐवाने गालिब में राजेन्द्र यादव मिलते थे। उनकी प्रवेश द्वार के पास वाली जगह अब खाली थी क्योंकि उनकी जगह कोई और नहीं ले सकता। राजेन्द्र यादव में यह खास बात थी कि वे आलोचक थे तो वे दूसरों की आलोचना सुनते भी थे। हंस का दरियागंज स्थित दफ्तर यादवजी के रहने तक इसलिए मेरे लिए खास हुआ करता था क्योंकि वहां राजेन्द्र यादव थे। अब जो राजेन्द्र यादव की परंपरा के वारीश हैं, वे उनकी परंपरा को बचा नहीं पाए।



निमंत्रण पत्र में जिन संजीव कुमार का नाम संचालक के तौर पर छपा था, वे मंच पर चढ़ कर लठैत की भूमिका में आ गए थे। संचालक किसी कार्यक्रम में सूत्रधार होता है लेकिन संजीव सूत्रधार कम वहां लाठी अधिक भांज रहे थे। अपने संचालन को प्रारंभ करते हुए उन्होंने कहा था कि सभागार मंे सिर्फ मुझसे ही लोग परिचित नहीं होंगे। बाकि सभी वक्ताआंे को परिचय की आवश्यकता नहीं है। लेकिन आयोजन खत्म होते-होते उन्होंने अपना परिचय दे दिया।



संजीव ने प्रश्न आमंत्रित किया। लेखिका रमणिक गुप्ता ने मंच पर चढ़कर सवाल की जगह तरुण विजय के वक्तव्य पर टिप्पणी की। उसके बाद कायदे से तरूण विजय को मौका मिलना चाहिए था, जवाब देने का। तरुण विजय वहां वक्ता के तौर पर बुलाए गए थे और अपनी विचारधारा के अकेले प्रतिनिधि थे। तरुण विजय रमणिकाजी के सवाल का जवाब देना चाहते थे लेकिन संजीव ने कहा कि यहां कौन टिप्पणी करेगा, कौन सवाल पूछेगा और कौन जवाब देगा, यह मैं तय करूंगा। मतलब साफ था कि संजीव वहां समन्वयक की जगह अपने विचारधारा के एक तानाशाह सिपाही की भूमिका में आ गए थे, जिन्हें लग रहा था कि उनकी विचारधारा खतरे में है। संगोष्ठी में अशोक वाजपेयी, पवन के वर्मा, एम के रैना, सुभाषिनी अली बोली। किसी के बोलने पर शोर नहीं हुआ लेकिन तरूण विजय के आते ही हर तरफ फूसफूसाहट तेज हो गई। कुछ लोग उनके वक्तव्य के बीच में हंस रहे थे, जिसे शिष्टता तो नहीं कहा जा सकता। यदि आपने अपने बीच दूसरे विचार के व्यक्ति को बुलाया है तो उसे सुनने का संयम भी रखिए।




दूसरे वक्ताओं की बात करें तो अशोक वाजपेयी कुछ गम्भीर सवाल अपने वक्तव्य के पिछे छोड़ गए। कायदे से उनका जवाब तरूण विजय की तरफ से आना था, जो नहीं आया। पवन के वर्मा जदयू के प्रतिनिधि के नाते ही मानों आए हों। उनका भाषण वैचारिक से अधिक राजनीतिक था। एमके रैना जो तैयारी करके आए थे, वह नहीं बोले। उसकी जगह वे ना जाने क्या बोले? जो भी बोले उसका विषय से अधिक सरोकार ना था। सुभाषिणी अली को सुनना अच्छा लगा। उन्होंने इस बात के लिए अपने पूर्व वक्ताओं से असहमति जताई कि उन्होंने राजनीति और संस्कृति को बेहद संकुचित अर्थों में प्रस्तुत किया। सुभाषिणी ने गुलाब बाई के दही वाले नाटक की चर्चा की। किस प्रकार वे अपने नाटकों से समाज में अंग्रेजों के खिलाफ माहौल बनाती थी।



कुल मिलाकर हंस का यह आयोजन गलत संचालन की भेंट चढ़ गया। संजीव जैसे संचालकों को समझना चाहिए कि जिनसे वे सहमत हैं, उन्हें वे रोज सुनते हैं और उनके हां में हां मिलाते हैं। कभी कभी उन्हें भी सुनना चाहिए, जिनसे आप बिल्कुल सहमत नहीं हैं। यदि खिड़की दरवाजे खुले नहीं रखेंगे तो घर के अंदर की बदबू से आपका ही दम घुटेगा।


एक पत्रकार की रिपोर्ट

यदि आपके पास भी मीडिया जगत से संबंधित कोई समाचार या फिर आलेख हो तो हमें jansattaexp@gmail.com पर य़ा फिर फोन नंबर 9650258033 पर बता सकते हैं। हम आपकी पहचान हमेशा गुप्त रखेंगे। - संपादक

Your Comment

Latest News इमरजेंसी पर रिपोर्टिंग कर रहे दो भारतीय पत्रकार गिरफ्तार वरिष्ठ पत्रकार पद्मश्री मुजफ्फर हुसैन का मुंबई में निधन पत्रकार ज्योतिर्मय डे हत्या मामले में राजन ने कहा, मुझे फंसाया गया वरिष्ठ पत्रकार वेदप्रकाश शर्मा का निधन इन चार पत्रकारों ने कहा, कम कर दो सेलरी पत्रकार हत्याकांड : सुप्रीम कोर्ट ने रिपोर्ट दायर करने के लिए सीबीआई को दिया दो हफ्ते का वक्त वरिष्ठ पत्रकार शेखर त्रिपाठी का निधन IFWJ expresses shock over NDTV’s move of retrenching employees Zee Media launches a new channel 680 FM चैनलों की नीलामी को मंजूरी वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार को.रामनाथ गोयनका पुरस्कार छत्तीसगढ़ ने गिरफ्तार किए सबसे ज्यादा पत्रकार पत्रकार राजेश श्योराण की हत्या की जांच एसआईटी को पत्रकार की पिटाई के मामले में कोतवाल निलम्बित वसूली के आरोप में कथित पत्रकार गिरफ्तार पंजाब में वरिष्ठ पत्रकार और उनकी मां की हत्या सड़क हादसे में टीवी चैनल के संवाददाता और कैमरामैन की मौत एनडीटीवी ने की आधिकारिक घोषणा, 'चैनल बिकने की खबर कोरी अफवाह' एशियानेट टीवी के कार्यालय पर हमला, संपादक और रिपोर्टर बाल-बाल बचे खबर लिखने के कारण हुई थी पत्रकार राजदेव रंजन की हत्या : सीबीआई पत्रकार शांतनु भौमिक की हत्या, पीछे से हमला किया, अगवा किया, चाकू से मार डाला एनडीटीवी के मालिक होंगे स्‍पाइजेट के अजय सिंह आईनेक्स्ट को मनीष कुमार ने कहा अलविदा पत्रकार गौरी लंकेश की गोली मारकर हत्या समाचार TODAY को चाहिए स्क्रिप्ट राइटर/कॉपी एडिटर दबंग दुनिया जबलपुर में मची भागमभाग और अफरा तफरी अब फिल्मिनिज्म डॉट कॉम पर पढिये फिल्मी दुनिया की ताजातरीन खबरें और गॉसिप्स मैक्सिको में एक और पत्रकार की हिंसाग्रस्त राज्य वेराक्रूज में गोली मारकर हत्या ‘लॉस एंजिलिस टाइम्स’ से कईयों की छुट्टी फर्जी पत्रकार बन करता था ठगी, धरा गया पत्रकार के निधन पर शोक सभा पत्रकार पंकज खन्ना आत्महत्या मामला- गुज्जर के बाद सह आरोपियों की सजा भी सस्पैंड पत्रकार शोभा डे ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी का मजाक उड़ाया अडानी समूह की कंपनी ने की 1500 करोड़ की हेराफेरी और टैक्‍स चोरी पत्रकार राजदेव रंजन हत्याकांड में सीबीआइ के आवेदन को कोर्ट ने किया खारिज वरिष्ठ पत्रकार गोपाल असावा का ह्दयाघात से निधन मजीठिया वेजबोर्ड का फैसला आपके हक में 19 जून को आएगा मजीठिया वेजबोर्ड का फैसला लुधियाना प्रैस क्लब के चुनाव 25 जून को भास्कर दिल्ली में अगस्त तक, यूपी में भी इंट्री न्यूज चैनल की महिला रिपोर्टर ने लगाया शादी करने का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने का आरोप विभूति रस्तोगी को ढूंढ रही है पुलिस, बलात्कार का है आरोप दैनिक जागरण के वरिष्ठ समाचार संपादक राजू मिश्र को रेड इंक अवॉर्ड पुणे में टीवी पत्रकार से बदसलूकी शशि थरूर मानहानि मामले में अर्नब गोस्वामी को हाईकोर्ट का नोटिस छत्तीसगढ़ को 17 साल बाद मिला अपना दूरदर्शन चैनल दैैनिक जागरण के मीडियाकर्मी पंकज कुमार के ट्रांसफर मामले को सुप्रीमकोर्ट ने अवमानना मामले से अट मुंबई में नवभारत के 40 मीडियाकर्मियो ने बनायी यूनियन दबंग के खिलाफ कई पूर्व संपादक भी केस करने को तैयार ध्येयनिष्ठ पत्रकारिता से टारगेटेड जर्नलिज्म